UP News: आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने प्रदेश की कानून-व्यवस्था और गोंडा में व्यापारी विनोद साहनी की हत्या के मामले को लेकर योगी सरकार पर तीखा हमला बोला है। सांसद संजय सिंह ने कहा कि उत्तर प्रदेश में कानून का इकबाल पूरी तरह समाप्त हो चुका है। जब प्रदेश सरकार में शामिल कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय निषाद को ही अपनी ही पुलिस के रवैये के खिलाफ और न्याय की गुहार लगाने के लिए केजीएमयू (KGMU) के पोस्टमार्टम हाउस के बाहर धरने पर बैठने को मजबूर होना पड़ रहा है, तो ऐसे में आम जनता की सुरक्षा की गारंटी कौन देगा?
सांसद संजय सिंह ने कहा कि गोंडा जिले के परसपुर थाना क्षेत्र में बर्तन व्यापारी और निषाद पार्टी के कार्यकर्ता विनोद कुमार साहनी की बेरहमी से हत्या कर दी गई। गंभीर रूप से घायल व्यापारी ने लखनऊ के केजीएमयू में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। संजय सिंह ने कहा कि यह बेहद शर्मनाक और हैरान करने वाला दृश्य है कि एक मृतक व्यापारी को इंसाफ दिलाने के लिए प्रदेश के कैबिनेट मंत्री को सड़क पर धरने पर बैठना पड़ रहा है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब सत्ता में बैठे लोग ही अपनी सरकार के पुलिस-प्रशासन से न्याय नहीं पा रहे हैं, तो थाने-चौकियों के चक्कर काट रहे प्रदेश के गरीब, मजलूम और आम नागरिकों का क्या हाल होगा?
व्यापारी हत्याकांड में पुलिस की भूमिका संदिग्ध, आरोपियों को दिया जा रहा खुला संरक्षण
संजय सिंह ने आरोप लगाया कि गोंडा की इस घटना में स्थानीय पुलिस प्रशासन द्वारा आरोपियों को खुली शह दी गई। मृतक के परिजनों का स्पष्ट आरोप है कि परसपुर के थानाध्यक्ष और चौकी प्रभारी मामले में लगातार लापरवाही बरतते रहे और आरोपियों पर कार्रवाई करने के बजाय पीड़ित को ही प्रताड़ित किया गया। सांसद ने कहा कि जब सत्ता में साझीदार दल के शीर्ष नेता को खुद लापरवाह पुलिसकर्मियों पर मुकदमा दर्ज करने, उन्हें सस्पेंड करने और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी के लिए धरने पर बैठना पड़ रहा है, तो यह साबित करता है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का ‘जीरो टॉलरेंस’ का नारा केवल विज्ञापनों और भाषणों तक ही सीमित है। जमीनी हकीकत यह है कि प्रदेश में अपराधियों और भ्रष्ट पुलिसकर्मियों का गठजोड़ हावी है।
आप सांसद संजय सिंह ने प्रदेश सरकार से तीखे सवाल पूछते हुए कहा कि कानून-व्यवस्था का ढिंढोरा पीटने वाली सरकार जवाब दे कि आखिर उत्तर प्रदेश में व्यापारियों और आम नागरिकों की जान की क्या कीमत रह गई है? उन्होंने कहा कि दिनदहाड़े व्यापारियों की हत्याएं हो रही हैं, अस्पताल में समुचित इलाज तक नहीं मिल पा रहा है और पुलिस पीड़ितों के आंसू पोंछने के बजाय अपराधियों की ढाल बनकर खड़ी नजर आती है। सत्ता के सहयोगी भी आज पीड़ित परिवार के लिए सुरक्षा, मुआवजा और न्याय की भीख मांगने को विवश हैं।
संजय सिंह ने मांग की कि गोंडा के व्यापारी विनोद साहनी हत्याकांड के सभी आरोपियों को तत्काल गिरफ्तार कर कठोरतम सजा दी जाए और पीड़ित को परेशान करने वाले दोषी पुलिस अधिकारियों पर अविलंब मुकदमा दर्ज कर उन्हें बर्खास्त किया जाए। उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी व्यापारियों और आम जनता के उत्पीड़न के खिलाफ चुप नहीं बैठेगी और प्रदेश में बढ़ते अपराध व जंगलराज के खिलाफ अपनी आवाज पूरी मजबूती से उठाती रहेगी।
