Yogi Ki Paati: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एक अप्रैल 2026 से शुरू हो रहे नए शैक्षिक सत्र (2026-27) के अवसर पर प्रदेश के बच्चों (नौनिहालों) के नाम एक विशेष संदेश (पाती) साझा किया है. यह संदेश उनकी सरकार के ‘नवनिर्माण के 9 वर्ष’ की उपलब्धियों और भविष्य के संकल्पों से प्रेरित है. सीएम योगी ने अपनी पाती नए शैक्षणिक सत्रारंभ पर सभी को स्वर्णिम भविष्य की शुभकामनाएं दी हैं. उन्होंने लिखा अपनी रुचि के विषय,खेल,विद्यालय की गतिविधियों में मनोयोग से हिस्सा लें,अपने सपनों में रंग भरें.

अपने स्कूल का किया जिक्र
प्रत्येक बच्चे को गुणवत्तापूर्ण संस्कार युक्त शिक्षा उपलब्ध कराना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है. सीएम ने अपने स्कूल का जिक्र करते हुए लिखा… कुछ दिन पूर्व मुझे अपने विद्यालय जाने का सौभाग्य मिला,जहां से मुझे जीवन की मूल शिक्षा, संस्कार मिले, आगे का मार्ग प्रशस्त हुआ. अपनी पाती में सीएम योगी ने लिखा विद्यालय मात्र पढ़ाई का स्थान नहीं, अपितु व्यक्तित्व निर्माण की प्रथम पाठशाला है. प्रभु श्रीराम के मर्यादा पुरुषोत्तम,भगवान श्रीकृष्ण के कर्मयोगी स्वरूप की प्रथम सीढ़ी गुरुकुल था. स्वस्थ शरीर, स्वस्थ मन के लिए खेलकूद, योग को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाएं.
‘स्क्रीन टाइम‘ के स्थान पर ‘एक्टिविटी टाइम‘
आज तकनीकी का युग और उसका सही उपयोग करना सीखें. ‘स्क्रीन टाइम’ के स्थान पर ‘एक्टिविटी टाइम’ पर ध्यान केंद्रित करें. अभिभावक अपने बच्चों को उत्तम शिक्षा दिलवाने के साथ पड़ोस के वंचित बच्चों को भी विद्यालय तक पहुँचाने का भी संकल्प लें. सरकारी योजनाओं के ज्ञान अभाव के कारण शिक्षा से वंचित बच्चों के परिवार वालों को जागरूक करें. एक भी बच्चा शिक्षा से वंचित नहीं रहे. सीएम योगी ने लिखा कि सरकार का दृढ़ निश्चय है कि शिक्षा से कोई भी वंचित नहीं रहे. 1 अप्रैल, 2026 से ‘स्कूल चलो अभियान’ हमारे इसी संकल्प का प्रतिफल है. विकसित उत्तर प्रदेश’ का लक्ष्य तभी पूर्ण होगा जब हर बच्चा पढ़ेगा, हर बच्चा बढ़ेगा.

