UP News: जिले में बड़गहन (सहजनवा) स्थित इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी एंड मैनेजमेंट (आईटीएम) गीडा के बीटेक सेकंड ईयर के छात्रों आयुष और कृष्णदीप ने आस्था और विज्ञान का अनूठा संगम दिखाते हुए एक ‘स्मार्ट वायरलेस तीर’ तैयार किया है। दशहरा के पावन पर्व पर पुतला दहन के दौरान होने वाली दुर्घटनाओं से बचने के लिए इस तकनीक को विकसित किया गया है।
छात्र कृष्णदीप ने बताया कि यह वायरलेस तकनीक और डिस्टेंस सेंसर पर आधारित है। इसका एक हिस्सा रावण के पुतले में लगाया गया है और इसकी रेंज 1 किलोमीटर के अंदर सेट की जा सकती है। जैसे ही तीर रावण के करीब आता है, पुतले में लगा सेंसर सिग्नल को सेंस कर हीट जनरेट कर देता है, जिससे पुतला दहन हो जाता है। छात्र आयुष ने बताया कि इसे 4 फीट के पुतले पर सफलतापूर्वक टेस्ट किया गया है और अब इस तकनीक से किसी भी आकार के पुतले का दहन किया जा सकता है। इसे बनाने में कुल 7 दिन का समय लगा है।
संस्थान निदेशक ने की सराहना
संस्थान के निदेशक डॉ. एन.के. सिंह ने छात्रों के इस प्रोजेक्ट की सराहना करते हुए कहा कि इससे लोग बिना किसी हादसे के सुरक्षित तरीके से त्योहार मना सकेंगे। इस शानदार कामयाबी पर संस्थान के अध्यक्ष नीरज मातनहेलिया, सचिव श्याम बिहारी अग्रवाल, कोषाध्यक्ष निकुंज मातनहेलिया तथा संयुक्त सचिव अनुज अग्रवाल ने भी बधाई देते हुए छात्रों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की है।
